नई दिल्ली: केंद्रीय कैबिनेट में आज हुई बैठक के बाद मोदी सरकार के तीन नए कृषि कानूनों को वापस लेने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है. मोदी सरकार ने नए कानून को वापस लेने की दिशा में पहला कदम उठाया है. लेकिन वही प्रस्ताव अब संसद में पेश किया जाएगा.

संसदीय नियमों के मुताबिक किसी भी पुराने कानून को वापस लेने की भी वही प्रक्रिया है जो किसी नए कानून को बनाने की है. विधेयक 29 नवंबर से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में पेश किया जाएगा. पीएमओ की सिफारिश के आधार पर कृषि मंत्रालय ने तीन नए कानूनों को निरस्त करने के लिए एक विधेयक का मसौदा तैयार किया है. 

जब संसद में विधेयक को अंतिम रूप दिया जाएगा, तो उस पर बहस होगी और उस पर मतदान होगा. विधेयक पारित होने के बाद, इसे राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा और राष्ट्रपति द्वारा हस्ताक्षर किए जाएंगे. उसके बाद तीन नए कृषि कानून निरस्त हों जाएंगे.