महाराष्ट्र के सांगली जिले से मथुरा के 4 साधुओं को पीटे जाने का मामला सामने आया है। ये साधु बोलेरो कार में सवार थे। साधुओं ने स्थानीय लोगों से रास्ता पूछ लिया इसके बाद लोगों ने इन्हें बच्चा चोर समझ लिया। ये अफवाह तेजी से पूरे इलाके में फैल गई। वहीं मौके पर जुटी भारी भीड़ ने बुरी तरह से इन साधुओं की पिटाई कर डाली। 

इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। पुलिस का कहना है कि साधुओं की ओर से इस मामले में किसी भी तरह की कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की जांच करके ऐक्शन लिया जा सकता है। यूपी के रहने वाले 4 साधु सांगली जिले के लवांगा गांव  पहुंचे थे वे पंढरपुर की ओर जा रहे थे।

बताया जा रहा है, कि ये सभी साधु सोमवार को एक मंदिर में रात्रि में विश्राम के लिए रुके थे। मंगलवार को वह जब आगे की यात्रा के लिए आगे बढ़े तो सड़क पर एक लड़के से रास्ता पूछा। इसी दौरान कुछ स्थानीय ग्रामीणों को इस बात की गलतफहमी हो गई कि ये लोग बच्चा चुराने वाले गैंग से संबंध रखते हैं। इसी के कारण मौके पर जमा ही भीड़ ने इन साधुओं की पिटाई कर दी।
 
वहां पहुंची पुलिस ने जब जांच की तो पता चला कि वे बच्चा चोर नहीं बल्कि मथुरा के पंचदशनाम जूना अखाड़ा के साधु थे। बता दें कि भाजपा के समर्थन वाली एकनाथ शिंदे सरकार में इस तरह की घटना पर विपक्ष हमला कर सकता है। दरअसल उद्धव ठाकरे सरकार के कार्यकाल में एक साधु की हत्या पर काफी बवाल हुआ था और भाजपा ने इसे लेकर शिवसेना पर हमला बोला था। भाजपा ने कहा था कि साधु पर हमला होना हिंदुत्व पर अटैक की तरह है और शिवसेना ने हिंदुत्व से समझौता कर लिया है।