शहर के लालघाटी क्षेत्र स्थित गुफा मंदिर में 34 करोड़ रुपये की लागत से संत भवन का निर्माण कराया जायेगा। इसके बगल में एक सामुदायिक भवन भी बनाया जाएगा। इन कार्यों के लिए नगर निगम द्वारा पहले चरण में 10 करोड़ रुपये की राशि जारी की गयी है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शुक्रवार की सुबह गुफा मंदिर परिसर पहुंचे और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच इसका भूमिपूजन किया। इस मौके पर शहर की मेयर मालती राय, पूर्व मेयर आलोक शर्मा समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
गुफा मंदिर में 4,548 वर्ग मीटर क्षेत्र में संत भवन बनाया जाएगा। इसके साथ ही सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए सात हजार वर्ग फीट जगह खुली रखी जाएगी। इस कार्यक्रम के दौरान सीएम शिवराज ने भोपाल में गुफा लोक के निर्माण की घोषणा की। सीएम शिवराज ने कहा कि मानस भवन करीब 35 करोड़ रुपए की लागत से बनाया जाएगा, लेकिन आज मन में आया कि क्यों न भोपाल में गुफा लोक बनाया जाए। अब गुफा जगत की रूपरेखा तैयार की जानी चाहिए। "भगवान भोलेनाथ की कृपा से...भोपाल में गुफाओं का संसार बनेगा।
सीएम शिवराज ने गे कहा, भोपाल का गुफा मंदिर सैकड़ों वर्षों से धार्मिक चेतना का केंद्र रहा है, मैं यहां के महंत परम श्रद्धेय श्री रामप्रवेश दास जी महाराज को कोटि-कोटि प्रणाम करता हूं।
सीएम शिवराज ने कहा कि हिंदुत्व अद्भुत है। जब कांग्रेस की सरकारें थीं तो उन्होंने मंदिरों में एक पैसा भी निवेश नहीं किया। उनका कहना था कि ये हमारा काम नहीं है। लेकिन मैं कहता हूं कि ये हमारा काम है। भारत के साथ-साथ पूरे विश्व को बचाने के लिए यदि कोई कार्य करेगा तो वह हमारा सनातन ही करेगा। धर्म एवं संस्कृति की रक्षा एवं संवर्धन करना भी मुख्यमंत्री का कार्य है।
नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि संत भवन 4,548 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में बनाया जाएगा। इसके भूतल पर प्रवेश द्वार, बरामदा, रिसेप्शन हॉल, वेटिंग रूम, स्टोर रूम और बैक हॉल होगा। जबकि प्रथम तल पर स्टोर रूम, लॉबी, 700 मीटर बालकनी और 20 कमरे बनाए जाएंगे। इसके साथ ही सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए सात हजार वर्ग फीट जगह खुली रखी जाएगी। इसके निर्माण की जिम्मेदारी श्रीकृष्णा इंफ्रास्ट्रक्चर को दी गई है।
इसके अलावा मुख्यमंत्री शिवराज ने भोपाल विकास प्राधिकरण की 510 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास किया। जिसमें मास्टर प्लान में 381.81 करोड़ रुपये की लागत से 45 मीटर रोड, रक्षा विहार फेस 3 प्रस्तावित है। 10.64 करोड़ आवासीय परिसर और रु. 57.41 करोड़ की लागत से एयरोसिटी फेज दो में विकास कार्य शामिल हैं। वहीं, एयरोसिटी फेज वन में 42 करोड़ रुपये के 43 एमआईजी, 61 एलआईजी और 96 मल्टी यूनिट मकानों के निर्माण का शिलान्यास भी किया जाएगा।