भोपाल: प्रदेश में औद्योगिकरण के बढ़ावा देने के लिये राज्य सरकार ने गत 27 जनवरी 2023 को मप्र उद्योगों की स्थापना एवं परिचालन का सरलीकरण अध्यादेश जारी किया था जिसमें प्रावधान है कि राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित किये गये औद्योगिक क्षेत्रों में उद्योगों की स्थापना एवं परिचालन करने के लिये विनिर्दिष्ट अनुमोदन अभिप्राप्त करने एवं निरीक्षणों से तीन वर्ष तक छूट रहेगी।
चूंकि यह अध्यादेश छह माह ही प्रभावी रह सकता था, इसलिये राज्य सरकार ने इसे स्थाई बनाने के लिये विधानसभा के बजट सत्र में विधेयक पारित किया और अब इस विधेयक को राज्यपाल मंगु भाई पटेल ने स्वीकृति प्रदान कर दी है जिससे यह एक कानून के रुप में पूरे प्रदेश में स्थाई रुप से लागू हो गया है।
उक्त प्रभावशील कानून के उद्देश्यों में कहा गया है कि इस कानून से उद्योगों पर अनुपालन भार कम होगा एवं प्रक्रिया सरल रहेगी तथा वाणिज्यिक संक्रियाओं को प्रारंभ करने के लिये समय कम लगेगा। इससे प्रदेश में पारस्परिक विश्वास का वातावरण समर्थ बनेगा व राज्य का समावेशी विकास सुनिश्चित होगा।
राज्य सरकार इस कानून के तहत गत 10 मार्च 2023 को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में राज्य साधिकार समिति का गठन कर चुकी है तथा 14 मार्च 2023 को औद्योगिक निवेश एवं प्रोत्साहन विभाग के अंतर्गत आने वाले 95 औद्योगिक क्षेत्रों तथा एमएसएमई विभाग के अंतर्गत आने वाले 192 औद्योगिक क्षेत्रों एवं विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अंतर्गत आने वाले 9 आईटी पार्कों व ईएमसी को अधिसूचित क्षेत्र घोषित कर चुकी है।