मध्यप्रदेश के छतरपुर से तालिबानी सजा का हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। प्रेम-प्रसंग के चलते गांव के ही रहने वाले युवक-युवती भाग गए। इसके बाद युवती के घरवालों ने युवक के पिता को बंधक बनाकर कर रखा।
घटना छतरपुर के चंदला थाना के पँचमपुर गांव की बताई जा रही है। यहां के रहने वाले ऊधा अहिरवार (45) का बेटा एक अपने ही समाज की लड़की के साथ फरार हो गया। 2 मार्च को लड़की के परिवारवालों ने ऊधा को एक पेड़ से हाथ पैर बांधकर दो दिनों तक पीटा और बेटे को बुलाने को कहा। ऊधा की पत्नी सावित्री भी अपने पते को छोड़ने के लिए गिड़गिड़ाती रही।
पर युवती के घरवालों ने दोनों की बात नहीं सुनी। इस दौरान सावित्री ने अपने पति को इसी हालत में बंधे रहने पर खाना भी खिलाया। दो दिनों बाद जब ऊधा को छोड़ा गया दोनों अपने घर चले गये। जब पत्नी घर से बाहर शौच करने गई और 15 मिनट बाद लौटी तो ऊधा फाँसी के फंदे में लटका पाया। पत्नी का आरोप हैं कि सूचना के बाद भी 2 दिनों तक पुलिस नहीं आई।
सावित्री का इल्ज़ाम है कि उसके पति की हत्या हुई है। पुलिस ने 6 लोगों के खिलाफ़ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। गांव वालों ने बताया कि फरार हुए लड़का-लड़की राजस्थान मजदूरी करने गए हुए थे। वही दोनों में प्यार हुआ और फिर वो फरार हो गए। इसकी बात का बदला ऊधा से लिया गया। मामले को लेकर पुलिस ने IPC 306 (आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा) के तहत FIR दर्ज़ कर ली है।