मप्र सरकार की लाडली बहना योजना के ब्रांड ऐंबेसडर के तौर पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने हर जिले में जाकर माहौल तैयार करने की योजना बना ली है। मुख्यमंत्री के आगामी कई दिनों के जिले के दौरे भी तय कर लिये गये हैं। इसके लिये शहडोल से लेकर चंबल तक महिला सम्मेलन व अन्य विविध आयोजनों को डिजाइन कर लिया गया है। बताया जाता है कि अब तक करीब 54 लाख आवेदन मिलने के बाद खुद मुख्यमंत्री उत्साहित हैं और इसे योजना की कामयाबी की तरह देखा जा रहा है। कैबिनेट बैठक में भी मंत्रियों को शिवराज ने इसके आंकडे बताये थे। सूत्र बताते हैं कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम सियासी नजरिये से भी तय किये गये हैं।
भाजपा उन इलाकों पर खास जोर दे रही है जहां विकास यात्राओं के दौरान जनता की खिन्नता सामने आई थी। इसी के चलते शिवराज मुरैना से प्रदेश की स्वास्थ्य संस्थाओं के लोकार्पण और भूमिपूजन का कार्यक्रम करने पहुंच रहे हैं। मुरैना में प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य आधारभूत अधोसंरचना योजना के अंतर्गत भूमिपूजन और लोकार्पण होगा। वहां लाड़ली बहना सम्मेलन तथा प्रत्येक ग्राम की 8 से 10 महिलाओं की भागीदारी से लाड़ली बहना सेना बनाने का जिम्मा सौंपने की जानकारी दी जाएगी। इसके बाद मुख्यमंत्री रतलाम, जबलपुर, सीधी, रेहटी सीहोर, महू, महेश्वर खरगोन और ग्वालियर में 6 से 16 अप्रैल की अवधि में पहुंचेगे।
नागरिकों को प्रदर्शनी से जोड़ने के निर्देश
जानकारी के मुताबिक शिवराज ने आगामी पखवाड़े में प्रदेश के विभिन्न जिलों में होने वाले लाड़ली बहना सम्मेलनों और भूमिपूजन एवं लोकार्पण कार्यक्रमों की तैयारियों पर अफसरों से बात की है और जरूरी हिदायतें दी हैं। उन्होंने कल जिला कलेक्टर्स से वीडियो कॉन्फ्रेंस पर भी योजना के फीडबैक लिया है। खास बात यह है कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों के दौरान जिलों में जिलों में मप्र सरकार के विकास कार्यों की प्रदर्शनी भी आयोजित होगी। मुख्यमंत्री ने कहा है कि यह प्रदर्शनी आम जनता के लिए भी खुली रहे तथा कोशिश हो कि हर नागरिक इसे देखें। क्योंकि लोगों को सरकार के विकास कार्यों के संबंध में अधिक से अधिक नागरिकों को जानकारी प्राप्त होना चाहिए। शिवराज ने कहा है कि सभी जिलों में पहुँचकर योजना के लिए आवश्यक वातावरण तैयार कर बहनों को लाभान्वित करने के कार्य को पूरा किया जाए।
कांग्रेस भी डबल इंजन से लगा रही जोर
उधर कांग्रेस ने भी तेजी से दौरे व सभाओं की रूपरेखा बनाई है। कमलनाथ काफी समय बाद अपेक्षाकृत ज्यादा दौरे कर रहे हैं। वे कल इंदौर में थे, आज वे पिपरिया पहुंचे हैं। उनहोंने दिग्विजय सिंह को भी कई इलाकों का दौरा करने के लिये कहा हुआ है। दिग्विजय अब बुदंलखंड के दौरे पर पहुंच रहे हैं। इससे पहले उन्होंने रीवा सतना से लेकर ग्वालियर चंबल में भी दौरा करके कार्यकताओं व स्थानीय नेताओं से बात की है। नाथ का कहना है कि दिग्विजय वरिष्ठ नेता है, तथा कार्यकर्ताओं में उनकी मांग है। उनकी सक्रियता पार्टी के लिए बहुत अच्छी है।
'जनमत भाजपा के साथ नहीं'
इधर आज पिपरिया में कमलनाथ ने कहा कि यदि जनमत भाजपा के साथ होता तो चुनावों से लेकर विकास यात्राओं तक में उसे शासकीय तंत्र का दुरूपयोग व पैसों की जरूरत नहीं पड़ती। उन्होंने कहा कि अतिथि विद्वान हो हमारे संविदा कर्मी हो या ठेका श्रमिक हों हमने सभी की मांगों को लेकर घोषणा की है पिछली सरकार में जो वादे अधूरे रह गए थे उन्हें पूरा करना प्राथमिकता होगी। सरकार बनाने पर बाकी बचे हुए किसानों का कर्जा माफ करना भी प्राथमिकता होगी।
कमलनाथ का ही कुसूर था: नरोत्तम
इधर राज्य सरकार के प्रवक्ता व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा की कमलनाथ से जुबानी जंग जारी है। आज मिश्रा ने कहा कि नाथ का कसूर यह था कि, उन्होंने जनता से झूठ बोला, किसानों को ठगा ओर नोजवानो से झूठ बोला। दरअसल नाथ ने मेरा क्या कसूर चुनावी कैम्पेन चलाने की घोषणा की है। इस पर मिश्रा ने कहा कि कमलनाथ को तो अंतरमन में झांक कर देखना चाहिए कि उनका कसूर क्या था। सरकार बनते ही छोटे भाई, बड़े भाई सत्ता के नशे में चूर हो गए थे। अब पूछ रहे है मेरा क्या कसूर था।