उज्जैन कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम ने भगवान श्री महाकालेश्वर मंदिर में बारिश के कारण जलभराव की खबरों को भ्रामक बताया है। शनिवार सुबह सोशल मीडिया पर इस दावे के साथ वीडियो वायरल हुए थे कि महाकाल मंदिर में बारिश के कारण पानी भर गया है।
कलेक्टर ने मंदिर में पानी भरने की ख़बरों को अफवाह बताया और कहा कि हर वर्ष की तरह गई रात्रि में बारिश के कारण यद्यपि कुछ पानी नंदी हाल में भरा जिसे हेवी मोटर्स से तुरंत बाहर कर दिया गय। मंदिर में जलजमाव रोकने के लिए 6 हेवी मोटर्स लगी हुई है।
साथ ही कलेक्टर ने बताया कि बारिश के पानी की वजह से किसी भी तरह से दर्शनार्थियों के दर्शन में व्यवधान उत्पन्न नहीं हो रहा है। सुबह से लगभग 80 हजार श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल के दर्शन किये हैं।
कलेक्टर ने चेतावनी देते हुए कहा कि कतिपय व्यक्तियों द्वारा इस तरह की भ्रामक सूचना फैलाई जा रही है कि महाकालेश्वर मंदिर में बारिश का पानी भरा हुआ है। यह एकदम झूठ एवं भ्रामक है। इस तरह की भ्रामक सूचनाएं न फैलाई जाए अन्यथा उनके विरुद्ध नियमानुसार कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि उज्जैन में देर रात से हो रही बारिश से क्षिप्रा नदी उफान पर है। वहीं सभी निजी और सरकारी स्कूलों में बारिश के कारण अवकाश घोषित किया गया है। कई चौराहों और निचली बस्तियों में सड़कें जलमग्न दिखाई दीं।