एमपी विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो गया है। इस सत्र में विपक्ष ने सरकार को घेरने की पूरी तैयारी कर ली है। नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह ने विधायकों को अलग-अलग मुद्दों पर सदन में सरकार को घेरने का काम सौंपा है। विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह, पूर्व सीएम कमलनाथ ने सत्र के प्रारंभ में दिवंगत नेताओं व गणमान्य लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद सदन की कार्यवाही 10 मिनट के लिए स्थगित कर दी गई।

इससे पहले कमलनाथ ने कहा था कि विधानसभा की बैठक में फैसला लिया गया है कि हम अविश्वास प्रस्ताव लाएंगे। आशा है कि नियमों के अनुसार इसका पालन किया जाएगा और स्वीकार किया जाएगा। हम हमेशा चाहते हैं कि विधायिका चलती रहे और कार्यकाल बढ़ाया जाए।

सत्ता पक्ष के इस आरोप के बारे में पूछे जाने पर कि विपक्ष सदन नहीं चलने दे रहा है, उन्होंने कहा, आप जानते हैं कि कौन सदन नहीं चलने दे रहा है। सत्र के पहले दिन रीवा के मनगवां से विधायक पंचूलाल प्रजापति सिरमौर चरसता से रीवा के बोडाबाग में छोटे व्यापारियों के विस्थापन के मुद्दे को उठाएंगे। दतिया जिले के सेवड़ा से कांग्रेस विधायक घनश्याम सिंह सिंध नदी पर पुल टूटने से हुई परेशानी का मुद्दा उठाएंगे।

शीतकालीन सत्र के लिए विधायकों ने विधानसभा में 1632 सवाल उठाए हैं। शीतकालीन सत्र आज यानी 19 दिसंबर से शुक्रवार 23 दिसंबर 2022 तक चलेगा। पांच दिनों के इस सत्र में सदन की पांच बैठकें होंगी। सत्र में अधिक प्रश्न होने के कारण सदन की कार्यवाही रात 8 बजे तक जारी रखने का निर्णय लिया गया है। विधानसभा के मुख्य सचिव एपी सिंह ने कहा कि रविवार तक शीतकालीन सत्र की अधिसूचना के बाद से विधानसभा सचिवालय में कुल 1632 प्रश्न प्राप्त हुए हैं। इसमें 858 तारांकित प्रश्न और 774 अतारांकित प्रश्न हैं। जबकि 211 ध्यानाकर्षण नोटिस, 5 स्थगन प्रस्तावों के नोटिस, 16 गैर-सरकारी संकल्प के नोटिस, शून्यकाल के 67 नोटिस विधानसभा सचिवालय को प्राप्त हुए हैं। विधानसभा सचिवालय को भी 04 बिल मिले हैं।

शिवपुरी जिले के पिछोर से कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक केपी सिंह "कक्का जू" इस सत्र में हिस्सा नहीं लेंगे केपी सिंह ने शीतकालीन सत्र में शामिल नहीं हो पाने की सूचना भी विधानसभा सचिवालय को भेज दी है। गौरतलब है कि लंबे समय से केपी सिंह पार्टी की बैठकों में भी नजर नहीं आते हैं।

इस सत्र में विपक्ष ने सत्ता पक्ष को घेरने की पुरजोर कोशिश की है। नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह ने विधानसभा सचिवालय को अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस भेज दिया है। विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव को स्वीकार किया जाता है या नहीं, यह आज कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में स्पष्ट होगा।