देश के अलग-अलग हिस्सों में लोग पालतू कुत्तों से परेशान हैं. इसका सबसे सटीक उदाहरण देश की राजधानी दिल्ली है. बड़ी-बड़ी सोसाइटीयों में रहें वाले लोग पालतू कुत्तों को अपने साथ घुमाते और लिफ्ट के जरिये उन्हें घर तक लेकर जाते हैं. हाल ही में ऐसे कई मामले सामने आये हैं जिसमें पालतू कुत्ते लिफ्ट में या फिर सोसाइटी में बच्चों या बड़ों को काट लेते हैं.
जिसकी शिकायत करने पर कुत्ते का मालिक भी गलती को स्वीकार करने के बजाय उल्टा जानवरों की तरह बदसलूकी करने लगता है. ऐसा ही एक मामला मध्य प्रदेश से सामने आया है. जहाँ कुत्ते की शिकायत करने पर मालिक ने शिकायतकर्ता की गर्दन काट दी.
इस घटना को सुन आपके भी रोंगटे खड़े हो जायेंगे क्योंकि कुत्ते की शिकायत करने पर जो खूनी खेल खेला गया. वह बताता हैं कि समाज में आज भी लोगों की सोच जानवरों की तरह ही हैं.
दरअसल, ये पूरा मामला एमपी के नरसिंहपुर जिले की सिंहपुर चौकी अंतर्गत आने वाले रमखिरिया गांव का है. जहां पर गुरुवार की शाम को पालतू कुत्ते की शिकायत करने पर एक युवक ने कुल्हाड़ी से शिकायतकर्ता कोदूलाल मेहरा की गर्दन को शरीर से अलग कर दिया. गर्दन शरीर से अलग होने के कारण उसकी मौत हो गई.
इस मामले में इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली बात तब सामने आई जब नरसिंहपुर पुलिस अधीक्षक ने घटना पर विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि घटना के कुछ दिन पहले मृतक कोदूलाल के घर में गांव के धर्मेंद्र पटेल का कुत्ता घुस गया था. कुत्ते ने घर में रखा आटा खा लिया था. जिसकी शिकायत जब कोदूलाल ने आरोपी धर्मेंद्र पटेल से की तो दोनों में विवाद की स्थिति पैदा हो गई. उस समय किसी तरह मामला शांत हो गया.
मामला बहार तो शांत हो गया था लेकिन मन के अंदर आग़ जलती रहीं और फिर गुरुवार को विवाद फिर से शुरू हो गया. आरोपी धर्मेंद्र इससे साफ़ इनकार करता रहा कि उसके कुत्ते ने आटा खाया. इससे विवाद और बढ़ गया. दोनों परिवारों के बीच गाली-गलौज होने लगी. आरोपी धर्मेंद्र ने गुस्से में आकर कुल्हाड़ी से कोदूलाल मेहरा की गर्दन पर वार कर दिया. जिससे कोदूलाल की मौके पर ही मौत हो गई.
आरोपी ने कोदूलाल के परिजनों पर भी हमला किया था. जिसमें दो अन्य लोग भी घायल हो गए. अब पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज करते हुए आरोपी के खिलाफ जांच शुरू कर दी है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना के बाद से ही आरोपी धर्मेंद्र पटेल फरार है.
अब आरोपी तो जल्द ही गिरफ्तार हो जायेगा लेकिन इस घटना को सुनने के बाद सवाल तो यही उठता है कि क्या इंसान जानवरों से भी बद्तर हो गया है? क्योंकि कुत्ते की गलती पर इंसानों के बीच का खूनी खेल तो इसी तरफ इशारा कर रहा हैं. वैसे गलती को स्वीकार करना भी इंसानियत का सबसे बड़ा धर्म होता हैं.