Israel-Iran War: अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच लगातार दो दिन से जंग जारी है। मिडिल ईस्ट के देशों में फंसे भारतीयों और भारत में सुरक्षा को लेकर पीएम मोदी के आवास पर रविवार रात करीब 9.30 बजे सुरक्षा समिति की बैठक हुई। मीटिंग में वेस्ट एशिया में रहने वाले भारतीयों और वहां फंसे लोगों की सुरक्षा, हालात बिगड़ने पर उससे कैसे निपटा जाए, इस पर चर्चा हुई। फिलहाल वेस्ट एशिया का एयरस्पेस लगभग बंद है।
पीएम ने पोस्ट में बताया कि उनकी यूएई प्रेसिडेंट शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से बात हुई है। भारत ने यूएई पर हुए हमलों की निंदा की है। भारत इस मुश्किल समय में उनके साथ है। वहां रहने वाले भारतीयों का ध्यान रखने के लिए वअए का धन्यवाद है। हम तनाव कम करने, शांति, सुरक्षा और स्थिरता का समर्थन करते हैं।
पीएम ने यह भी बताया कि मेरी इजराइल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात हुई। हाल के घटनाक्रमों पर भारत की चिंता बताई और इस बात पर जोर दिया कि नागरिकों की सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता है। भारत दुश्मनी को जल्द खत्म करने की जरूरत पर फिर से जोर देता है।
ईरान में 10 हजार भारतीय
दरअसल, ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की इजराइली हमलों में मौत हो गई है। देश-दुनिया भर में इसे लेकर प्रदर्शन हो रहे हैं। भारत में भी श्रीनगर, लखनऊ, संभल, पटना समेत 15 से ज्यादा शहरों में प्रदर्शन की तस्वीरें सामने आईं। ईरान में करीब 10 हजार भारतीय नागरिक रहते हैं, पढ़ते और काम करते हैं। जबकि 40,000 से ज्यादा इजराइल में रहते हैं। गल्फ और वेस्ट एशिया में करीब 90 लाख भारतीय हैं।
मिडिल ईस्ट देशों में भारतीय दूतावासों ने जारी की एडवाइजरी
कुवैत में भारतीय एम्बेसडर, एम्बेसडर परमिता त्रिपाठी ने कुवैत में भारतीय समुदाय के लगभग 100 जाने-माने सदस्यों और भारतीय एसोसिएशन के प्रमुखों के साथ एक वर्चुअल बातचीत की। इनमें कुवैत, ऑस्ट्रिया, ओमान, लेबनान के भारतीय दूतावासों ने वहां फंसे भारतीयों के लिए एडवाइजरी भी जारी की है।
पुराण डेस्क