T-20 वर्ल्ड कप के दूसरे सेमीफाइनल में भारत और इंग्लैंड का मुकाबला होना है। यह मुकाबला मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाएगा। आईसीसी टूर्नामेंट में पांचवीं बार सेमीफाइनल में आमने-सामने होंगे। अब तक खेले गए 4 मुकाबलों में दोनों टीमें 2-2 जीत के साथ बराबरी पर हैं।
दिलचस्प बात यह है कि भारत ने इंग्लैंड को जब भी सेमीफाइनल में हराया, देश तब खिताब जीतने में भी कामयाब रहा। सेमीफाइनल में जीत का यह संयोग इस बार भी टीम इंडिया को वर्ल्ड कप जिता सकता है।
भारत-इंग्लैंड पहला सेमीफाइनल 1983 वनडे वर्ल्ड कप में हुआ था। तब भारत ने अंग्रेजों को हराया और फिर फाइनल में वेस्टइंडीज को मात देकर टीम चैंपियन बनी। दोनों टीमें सेमीफाइनल में आखिरी बार 2024 टी-20 वर्ल्ड कप में भिड़ीं। तब भी भारत ने इंग्लैंड को हराया और फिर फाइनल में साउथ अफ्रीका को हराकर खिताब जीता। 1987 वनडे वर्ल्ड कप और 2022 टी-20 वर्ल्ड कप में भी भारत-इंग्लैंड सेमीफाइनल हुआ था। इन दो मौकों पर इंग्लैंड ने जीत हासिल की।
मुंबई का वानखेड़े स्टेडियम में बैटिंग पैराडाइज माना जाता है। यहां रन स्कोरिंग बेहद आसान है और रात के टी-20 मैचों में रन चेज करना ही फायदेमंद होता है। हालांकि, यहां 16 टी-20 इंटरनेशनल में 8 बार चेज करने वाली टीमों और 8 ही बार पहले बैटिंग करने वाली टीमों को जीत मिली।
254 रन इस मैदान का सबसे बड़ा स्कोर है, जो वेस्टइंडीज ने इसी वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे के खिलाफ बनाया। यहां 32 पारियों में 6 बार 200 प्लस के स्कोर बन चुके हैं। इंग्लैंड की टीम ही 2025 में भारत के खिलाफ 97 रन पर आॅलआउट भी हो चुकी है।
स्टेडियम का औसत स्कोर 174 रन है, लेकिन पहली पारी में एवरेज विनिंग टोटल 206 रन रहा। मौजूदा वर्ल्ड कप में यहां 7 मैच खेले गए। शुरूआती 3 मैच पहले बैटिंग करने वाली टीमों ने जीते। इसके बाद लगातार 3 मैचों में चेज करने वाली टीमों को सफलता मिली। आखिरी मुकाबले में वेस्टइंडीज ने पहले बैटिंग करते हुए जिम्बाब्वे को 107 रन से हराया।
पुराण डेस्क