भोपाल। हाल ही में दक्षिण सिवनी में बिजली के झटके से एक बाघ का मारा और उसके शव को एक कुएं में फेंक दिया गया। इस घटना के सिलसिले में मंगलवार को एक किसान को गिरफ्तार किया गया है। बाघ को फंसाने के लिए इस्तेमाल किया गया बिजली का तार संदिग्ध के घर से बरामद किया गया है।
वन विभाग के सूत्रों ने बताया कि 26 अप्रैल को सिवनी के चरगांव गांव में एक कुएं में बाघ का शव तैरता हुआ मिला था। यह कुआं शब्दर खान के खेत में स्थित था। घटनास्थल वन क्षेत्र से लगभग सात किलोमीटर दूर था। प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत हुआ कि बाघ की मौत बिजली के झटके से हुई और उसके शव को कुएं में फेंक दिया गया। अपराध को सुलझाने के लिए खोजी कुत्तों की मदद ली गई। घटना स्थल से लगभग 50 मीटर दूर बिजली के झटके के सबूत मिले। प्रारंभिक जांच में प्रथम दृष्टया यह पाया गया कि बाघ का शिकार विद्युत करंट के माध्यम से किया गया है तथा साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शव को कुएं में डाला गया। अब तक 26 टाइगरों की मौत हो चुकी है। घटना स्थल सिवनी परिक्षेत्र के ऐरपा वृत्त अंतर्गत ऐरपा बीट के कक्ष क्रमांक-08 से लगभग 6-7 किलोमीटर दूरी पर राजस्व क्षेत्र में स्थित है।
तार, खूँटी एवं अन्य सामग्री बरामद कर जब्त
घटना स्थल पर नेशनल टाइगर कंजरवेशन अथॉरिटी (NTCA) के निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार कार्यवाही की गई। श्वान दल की सहायता से क्षेत्र का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया, जिसमें लगभग 50 मीटर के दायरे में विद्युत करंट से संबंधित साक्ष्य, जले हुए तार, खूँटी एवं अन्य सामग्री बरामद कर जब्त की गई है। 27 अप्रैल 2026 को NTCA के दिशा-निर्देशों के अनुरूप बाघ के शव का परीक्षण (पोस्टमार्टम) किया गया, जिसमें विद्युत करंट से मृत्यु की पुष्टि हुई। वन संरक्षक सिवनी सुश्री संध्या एवं डीएफओ महेंद्र सिंह उईके के मार्गदर्शन में प्रकरण की जांच की जा रही है।
10 हजार का इनाम की घोषणा
वन विभाग द्वारा आमजन से अपील की गई है कि घटना से संबंधित कोई भी जानकारी उपलब्ध हो तो विभाग को सूचित करें। उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराने वाले को रूपये 10,000/- (दस हजार) का पारितोषिक प्रदान किया जाएगा तथा सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
गणेश पाण्डेय