भोपाल:राज्य सरकार अब प्रधानमंत्री ग्राम सड़क परियोजना के तहत बनी बीस साल पुरानी सडक़ों का पुनरुध्दार करेगी। इसके लिये मप्र ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण ने अपने सभी महाप्रबंधकों को पत्र जारी कर कहा है कि ऐसी सडकों के अगले पांच वर्षों में रखरखाव एवं संधारण हेतु एस्टीमेट तैयार करें। यह कार्य चार भागों के अंतर्गत करने होंगे। पहला, इनीशियली रिहेबिलियेशन वक्र्स के अंतर्गत तकनीकी रुप से आवश्यक उन सभी कार्यों को सम्मिलित किया जाये जोकि मार्ग से सुचारु एवं सुरक्षित आवागमन हेतु आवश्यक है।
इसके अलावा, सड़क एवं क्रास ड्रेनेज में हुई क्षति जिसका पूर्व में सुधार नहीं कराया जा सका है, को एस्टीमेट में शामिल किया जा सकता है। इसके अलावा सडक़ सुरक्षा के दृष्टिगत समस्त मार्गों पर एक अतिरिक्त बोर्ड का प्रावधान किया जाये जिसमें केंद्र सरकार की राहवीर योजना संबंधी विवरण, फोन नंबर आदि दर्ज हो। दूसरा, रुटीन मेंटीनेंस वक्र्स के अंतर्गत वर्षा से क्षतिग्रस्त की भराई, हार्ड शोल्डर्स भराई/मरम्मत कार्य, कल्वर्ट/ड्रेनेज की सफाई एवं रखरखाव कार्य, सीसी पेवमेंट ज्वाईन्ट्स के मरम्मत कार्य एवं विभिन्न रोड फर्नीचर का रखरखाव/संधारण आदि कार्य संपादित होंगे। तीसरा, रिनिवल ऑफ बिटुमिनस सरफेस के अंतर्गत बीटी भाग में रिनुअल हेतु टेक कोट, ओजीपीसी प्लस सील कोट एवं हार्ड शोल्डर के आयटम शामिल होंगे। चौथा, इमरजेंसी वर्क्स के अंतर्गत प्राकृतिक आपदाओं जैसे अतिवृष्टि से बाढ़ या अन्य अपरिहार्य कार्यों के फलस्वरुप मार्ग के क्षतिग्रस्त होने के पश्चात शीघ्र सुधार कार्यों का एस्टीमेट तैयार किया जाये। इसके अलावा, प्राकृतिक आपदा की स्थिति में स्थानीय प्रशासन को क्षतिग्रस्त भाग की सूचना प्रदाय कर इमरजेंसी मद से कार्य कराने की अनुशंसा संबंधित जिला कलेक्टर से प्राप्त किया जाना होगा।
डॉ. नवीन आनंद जोशी