अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज 27वां दिन है। जंग के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वह ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर 10 दिन तक हमला नहीं करेंगे। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर बताया कि यह फैसला ईरान के अनुरोध पर लिया गया है और नई डेडलाइन 6 अप्रैल तय की गई है।
ट्रंप ने एक हफ्ते में इन हमलों को दूसरी बार टाल दिया है। इससे पहले भी वह हमले की डेडलाइन बढ़ा चुके हैं, जो शुक्रवार को खत्म होने वाली थी, जिसे अब बढ़ा दिया गया है। ट्रंप के मुताबिक, अब 6 अप्रैल शाम 8 बजे (अमेरिकी समयानुसार) तक ईरान के एनर्जी प्लांट्स पर कोई हमला नहीं किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि यह फैसला इसलिए लिया गया है ताकि दोनों देशों के बीच चल रही बातचीत को आगे बढ़ने का मौका मिल सके। ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत बहुत अच्छी चल रही है। मौजूदा हालात में इसे कूटनीतिक समाधान की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। हालांकि, ईरान ने अब तक ट्रम्प के दावे की पुष्टि नहीं की है।
ऐलान के बाद तेल की कीमतों में गिरावट
ट्रंप के ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर हमले की समयसीमा 10 दिन आगे बढ़ाने के ऐलान के बाद तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, शुक्रवार को कीमतों में आई यह गिरावट पिछले दिन आई तेज बढ़त को पूरी तरह कम नहीं कर सकी।
शुक्रवार सुबह करीब 02:30 जीएमटी पर ब्रेंट क्रूड की कीमत 1.5% गिरकर 93.07 डॉलर प्रति बैरल हो गई, जबकि वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट 1.8% गिरकर 106.12 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। हालांकि, युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक ब्रेंट क्रूड की कीमत लगभग 50% बढ़ चुकी है, जबकि डब्ल्यूटीआई में करीब 40% की बढ़ोतरी देखी गई है।
ईरान ने हमें 10 तेल टैंकर गिफ्ट किए
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान ने 10 तेल टैंकरों को गुजरने देकर गिफ्ट दिया। उन्होंने कहा कि इन टैंकरों पर पाकिस्तान का झंडा था और ईरान इससे भरोसा जीतना चाहता था। उन्होंने कहा कि ईरान ने भरोसा दिखाने के लिए 8 बड़े तेल टैंकरों को गुजरने दिया और बाद में 2 और भेजे।
व्हाइट हाउस में कैबिनेट बैठक में ट्रंप ने कहा कि ईरान ने खुद प्रस्ताव दिया था कि वह 8 बड़े आॅयल टैंकर जाने देगा, ताकि बातचीत को लेकर गंभीरता दिखा सके। उन्होंने दावा किया कि बाद में ईरान ने माफी मांगते हुए 2 और टैंकर भेजे।
पुराण डेस्क