भोपाल: राज्य में अब मोटरयान कराधान अदा नहीं करने पर फाईन नहीं, पेनाल्टी लगेगी। इसका उपबंध राज्य के परिवहन विभाग ने प्रभावशील कर दिया है। दरअसल फाईन एक प्रकार का अपराध होता है जबकि पेनाल्टी शास्ति। उल्लेखनीय है कि 6 अगस्त 2025 को मप्र विधानसभा में जनविश्वास उपबंधों का संशोधन विधेयक पारित हुआ था जिसे 22 अगस्त 2025 को राज्यपाल द्वारा मंजूरी दिये जाने से यह अधिनियम के रुप में आ गया था लेकिन इसमें परिवहन विभाग के अंतर्गत मोटरयान कराधान के बारे में उल्लेख किया गया था कि इसकी प्रभावशीलता उस तिथि से होगी जिस तिथि से इसे लागू किया जायेगा।
अब परिवहन विभाग ने अधिसूचना जारी कर इस उपबंध को लागू कर दिया है। जनविश्वास अधिनियम में मोटरयान कराधान अधिनियम की धारा 12 खत्म कर दी गई है तथा इस धारा में मोटरयान कर न देने पर कराधान अधिकारी द्वारा कर न देने वाले वाहन स्वामी को टोकन देने एवं इस टोकन को वाहन पर चस्पा करने का प्रावधान था और टोकन चस्पा न करने पर 50 रुपये तक के फाईन यानि जुर्माने का प्रावधान था। इसी प्रकार, धारा 17 में मोटरयान कराधान अधिनियम का उल्लंघन करने पर प्रथम अपराध पर सौ रुपये और दूसरे या पश्चातवर्ती अपराध पर 300 रुपये तक जुर्माने का प्रावधान था लेकिन जनविश्वास अधिनियम के तहत यह अब अपराध नहीं रहा है तथा उक्त राशि पेनाल्टी यानि शास्ति के रुप में वसूल की जायेगी।
डॉ. नवीन आनंद जोशी