भोपाल: राज्य सरकार की 259 कृषि उपज मंडी समितियों की आरक्षित निधि अब 20 प्रतिशत तक हो सकेगी। दरअसल यह आरक्षित निधि मंडी समिति की कुल प्राप्तियों (अनुज्ञप्ति फीस तथा मंडी फीस) से निकाली गई राशि से बनाई जाती है जिसके लिये अब प्रावधान किया गया है कि प्रत्येक मंडी समिति अपनी आरक्षित निधि कुल प्राप्तियों के 15 प्रतिशत के बराबर बना सकेंगी लेकिन स्टेट मंडी बोर्ड के एमडी की मंजूरी से 20 प्रतिशत तक राशि आरक्षित निधि में जमा हो सकेगी।
इसके अलावा नया प्रावधान यह भी किया गया है कि स्टेट मंडी बोर्ड किसान सडक़ निधि और कृषि अनुसंधान तथा अधोसंरचना विकास निधि को छोडक़र शेष सकल प्राप्तियों के पन्द्रह प्रतिशत के अराबर राशि पृथक से बैंक खाते में, प्रत्येक तीन माह में आरक्षित निधि के रुप में जमा करेगा तथा इसमें वर्षांत में मंडी बोर्ड को होने वाली बचत की राशि भी जमा हो सकेगी।
डॉ. नवीन आनंद जोशी