बांधवगढ़ में बिजली करंट से एक और टाइगर की मौत


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स्टोरी हाइलाइट्स

पोस्टमार्टम करने के पश्चात अन्तेष्टि की जाएगा,बांधवगढ़ में टाइगर की हो रही मौत का सिलसिला थम नहीं पा रहा है, एक महीने भीतर ही अब तक 5 मौत हो चुकी है..!!

भोपाल: बांधवगढ़ बाघ रिजर्व के धामोखर रेंज में शुक्रवार एक बाघ मृत पाया गया। सूत्रों के अनुसार, संभवतः बिजली के करंट से उसकी मृत्यु हुई है। उसका आज पोस्टमार्टम करने के पश्चात अन्तेष्टि की जाएगा। बांधवगढ़ में टाइगर की हो रही मौत का सिलसिला थम नहीं पा रहा है। एक महीने भीतर ही अब तक 5 मौत हो चुकी है।

बांधवगढ़ बाघ अभ्यारण्य के फील्ड डायरेक्टर अनुपम सहाय ने बताया कि बाघ का शव धामोखर रेंज बफर क्षेत्र के पास खेरवहार, पुतपुरा गांव के एक खेत में मिला। सूत्रों के अनुसार, ग्रामीणों ने जंगली सूअरों और अन्य शाकाहारी जानवरों से फसलों की रक्षा के लिए बिजली की बाड़ लगाई होगी, जिससे बाघ गलती से उसमें फंस गया होगा। वरिष्ठ वन अधिकारी मौके पर पहुंचे और बाघ का शव बरामद किया। डॉग स्क्वाड को भी तैनात किया गया है ताकि दोषियों का पता लगाया जा सके। बाघ की मौत उस समय हुई जब जनजातीय कल्याण मंत्री कुंवर विजय शाह अनुभूति कार्यक्रम में भाग लेने के लिए बांधवगढ़ बाघ अभ्यारण्य का दौरा कर रहे थे।

बिजली की करंट से मौत के बढ़ते मामले

राज्य भर में बिजली के झटके से होने वाली मौतें लगातार हो रही हैं। कुछ दिन पहले पूर्वी मंडला में भी एक बाघ की बिजली के झटके से मौत हो गई थी और कुछ ग्रामीणों को गिरफ्तार किया गया था। ऐसी घटनाओं से चिंतित होकर, वन बल प्रमुख वीएन अम्बाडे ​​ने टाइगर रिजर्व, सेंचुरियों सहित सभी फील्ड अधिकारियों को पत्र लिखकर निर्देश दिया था कि वे शिकारियों द्वारा बिछाए गए बिजली के जालों और फंदों से बाघों और अन्य वन्यजीवों की रक्षा के लिए अभियान चलाएं।

इनका कहना

यह घोर लापरवाही है। मुझे लगता है कि एक बार बांधवगढ़ में टाइगर की लगातार हो रही मौतों की फारेस्ट एसआईटी से जांच करानी होगी। इसके पहले 2021-22 में जांच हुई थी पर उसकी फाइंडिंग पर कोई एक्शन नहीं हुआ था। 

वीएन अंबाड़े, वन बल प्रमुख